रीडर टाइम्स न्यूज़ डेस्क
कानपुर की सीसामऊ विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में सपा का किला ढाहने में एक बार फिर भाजपा बुरी तरह फेल हो गई। सपा की नसीम सोलंकी 8000 से अधिक वोटो से चुनाव जीत गई है ….

कानपुर की सीसामऊ सीट पर समाजवादी पार्टी की प्रत्याशी नसीम सोलंकी ने जीत दर्ज कर लिया। यह सीट सपा का गढ़ मानी जाती है। यहां से नसीम सोलंकी के पति इरफान सोलंकी भी विधायक थे। इरफान को सजा होने के बाद उनकी विधानसभा सदस्यता रद्द कर दी गई। उसके बाद सीसामऊ पर उपचुनाव हुए अखिलेश यादव ने इस सीट पर इरफान की पत्नी नसीम सोलंकी और बीजेपी ने सुरेश अवस्थी को टिकट दिया था। ऐसे कई फैक्टर बने , जिसे नसीम सोलंकी सपा का गढ़ बचाने में कामयाब रही।
पति के जेल में होने का बनाया मुद्दा –
नसीम सोलंकी ने अपने पूरे चुनाव प्रचार के दौरान अपने पति इरफान सोलंकी को जेल में जबरन डालने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि इरफान को फसाया गया था कि वह चुनाव ना लड़ सके और अपने लोगों के काम ना करवा सके इसको लेकर बोला था जनता के बीच गई और इसे मुस्लिम जनता के बीच बड़ा मुद्दा बनाया।
मतगणना के परिणामों की आधिकारिक घोषणा के बाद नसीम की आंखें नम हो गई उन्होंने विक्ट्री साइन दिखाकर सभी का अभिभावादन किया वहीं बीते मुस्तफा सोलंकी ने कहा कि इस जीत का श्रेय सीसामऊ की जनता को जाता है जिन्होंने पुलिस प्रशासन से लड़कर वोट डाला हम सापरिवार कल अब्बू से मिलने जाएंगे।
8629 वोटो से जीती नसीम सोलंकी –
सीसामऊ विधानसभा से मतगणना के 20 राउंड मुस्तफा 8629 वोटो से आगे रही। सपा प्रत्याशी नसीम सोलंकी ने 5966 वोट मिले। जबकि बसपा प्रत्याशी बीरेंद्र शुक्ला ने 1409 वोट हासिल किया इस जीत के साथ ही सपा में जश्न का माहौल है।
शिवपाल के सामने मंच पर भावुक हुई नसीम सोलंकी –
नसीम सोलंकी के प्रचार के लिए सब हमारे सचिव शिवपाल यादव और सांसद डिंपल यादव ने मोर्चा संभाला था। जहां शिवपाल लगातार जनसभाएं कर रहे थे वही डिंपल ने उनके लिए रोड शो किया था। एक बार जब मंच पर शिवपाल के साथ नसीम सोलंकी मौजूद थी तो जनता को संबोधित करते हुए वह भावुक हो गई उन्होंने रोते हुए जनता से कहा कि , बस एक बार विधायक जी को छुड़वा दो था हम थक गए हैं यह आखिरी लड़ाई होगी इंशाल्लाह इसके बाद शिवपाल ने कहा कि यह ऐसा समय है। जब भारतीय जनता पार्टी ने पूरे उत्तर प्रदेश की मां बहन बेटियों के साथ रुलाने का काम किया है जब से भाजपा सत्ता में आई है तब से सभी वर्ग , जाति धर्म के लोगों को परेशान करने का काम किया है। शिवपाल के सामने मंच पर भावुक हुई नसीम सोलंकी को जनता ने अपना समर्थन दिया।